![इस देश में फाइव स्टार होटल जैसी जेल, जहां सजा नहीं, छुट्टियों का अहसास करते हैं कैदी](https://akm-img-a-in.tosshub.com/aajtak/images/photo_gallery/202501/677a244f51c1c-photos-of-jails-in-nordic-countries-went-viral--and-people-reacted-this-way-051849728-16x9.jpg)
इस देश में फाइव स्टार होटल जैसी जेल, जहां सजा नहीं, छुट्टियों का अहसास करते हैं कैदी
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आमतौर पर जेल को ऐसी जगह माना जाता है, जहां कैदियों को बाहरी दुनिया की सुविधाओं से दूर एक कठोर और सख्त जिंदगी जीनी पड़ती है.लेकिन यूरोप की जेलों के बारे में कहा जाता है कि वे किसी फाइव स्टार होटल से कम नहीं होतीं, जहां कैदियों को सुधारने का प्रयास किया जाता है.
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प्रयागराज में माघ पूर्णिमा के अवसर पर करीब 2 करोड़ श्रद्धालुओं ने संगम में आस्था की डुबकी लगाई. इस दौरान शासन-प्रशासन हर मोर्चे पर चौकस रहा. योगी आदित्यनाथ ने सुबह 4 बजे से ही व्यवस्थाओं पर नजर रखी थी. श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के कारण ट्रेनों और बसों में यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा. देखें.
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हिंदू पंचांग के अनुसार माघ मास में शुक्ल पक्ष का 15वीं तिथि ही माघ पूर्णिमा कहलाती है. इस दिन का धार्मिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से खास महत्व है और भारत के अलग-अलग हिस्सों में इसे श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है. लोग घरों में भी कथा-हवन-पूजन का आयोजन करते हैं और अगर व्यवस्था हो सकती है तो गंगा तट पर कथा-पूजन का अलग ही महत्व है.