ना बड़ा स्टार, ना सोशल मीडिया का पीआर... कैसे ब्लॉकबस्टर बनी न्यूकमर ऋतिक की 'कहो ना प्यार है'?
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'कहो ना प्यार है' का पूरा प्लॉट ही उस मसाले की गंध से महकता है, जिसे 'स्वादानुसार' से दो चम्मच ज्यादा डालकर 90s के कई फिल्ममेकर्स ने लगातार हिट्स पर हिट्स बटोरीं. अगर ये फिल्म इतना ही रेगुलर-रूटीन प्लॉट और स्टोरी लाइन लेकर आई थी तो इतनी धमाकेदार चली कैसे? इसका जवाब इन 5 बातों में छुपा है...
यकीन करना, या न करना आपके ऊपर है... लेकिन फैक्ट ये है कि 'कहो ना प्यार है' को 25 साल पूरे हो चुके हैं! और 25 साल हो चुके हैं उस इवेंट को, जब एक नए मिलेनियम का स्वागत कर रही जनता को रातोंरात बॉलीवुड में अपना 'मिलेनियम स्टार' मिल गया था. एक और फैक्ट ये है कि 1 जनवरी 2025 से पैदा हुए बच्चों को 'जेनरेशन बीटा' कहा जाएगा. यानी ये ऑफिशियल हो चुका है कि 14 जनवरी 2000 को थिएटर्स में रिलीज हुई 'कहो ना प्यार है' को बारंबार देखते-देखते देश की एक पूरी पीढ़ी अब मिडल-एज में पहुंच गई है. मगर ऋतिक आज भी न सिर्फ स्टार हैं, बल्कि सुपरस्टार हैं.
'कहो ना प्यार है' उन फिल्मों में से है जो शायद ही किसी ने सिर्फ एक बार देखी हो. मगर इसे कोई जितनी भी बार देख डाले, ये बहुत पुरानी लगती ही नहीं. फिल्म फ्रेम दर फ्रेम लोगों को रट चुकी है. जबकि ठहरकर किए एक एनालिसिस में आप अगर सोचेंगे तो ऋतिक की डेब्यू फिल्म 'कहानी' के लेवल पर कुछ बहुत अलग नहीं लेकर आई थी.
असल में 'कहो ना प्यार है' का पूरा प्लॉट ही उस मसाले की गंध से महकता है, जिसे 'स्वादानुसार' से दो चम्मच ज्यादा डालकर 90s के कई फिल्ममेकर्स ने लगातार हिट्स पर हिट्स बटोरीं. 2000s के मोड़ पर जनता इसी मसाले से ऊबकर नई कहानियां और नए स्टार खोज रही थी, जिसपर अलग से बात हो सकती है. अब सवाल ये है कि अगर 'कहो ना प्यार है' इतना ही रेगुलर-रूटीन प्लॉट और स्टोरी लाइन लेकर आई थी, तो इतनी धमाकेदार चली कैसे? इसका जवाब इन 5 बातों में छुपा है...
कहानी का ग्रैंड ट्रीटमेंट और राकेश रोशन का कमाल एक प्लॉट देखिए- लड़का और लड़की की बड़ी रिएक्टिव लव स्टोरी अधूरी रह जाती है, क्योंकि लड़की की शादी किसी और से करवा दी जाती है. लड़की के पति को पता चलता है तो वो उसे दुखी देखकर पसीज जाता है और लड़की को उसके प्रेमी से मिलाने की कोशिश में जुट जाता है.
ये प्लॉट अनिल कपूर, नसीरुद्दीन शाह और पद्मिनी कोल्हापुरे स्टारर 'वो 7 दिन' भी बन सकता है. यही प्लॉट सलमान खान, ऐश्वर्या राय और अजय देवगन के साथ 'हम दिल दे चुके सनम' भी बन सकता है. तो अंतर क्या है? कहानी के ट्रीटमेंट और स्केल का!
सुभाष घई की 'कालीचरण' में भी शत्रुघ्न सिन्हा का डबल रोल था, दोनों कैरेक्टर एक दूसरे से बिल्कुल अलग. पहला किरदार मरता है तो उसके गम में डूबे परिवार को, उसी का हमशक्ल मिल जाता है. हमशक्ल किरदार के साथ मिलकर, पहले किरदार के साथ हुई गलत चीजों का बदला लिया जाने लगता है.
स्टार प्लस का पॉपुलर सीरियल 'अनुपमा' लोगों को बेहद पसंद आ रहा है. हाल ही में सास बहू बेटियां की टीम सीरियल के सेट पर पहुंची थी. जहां गौतम अनुपमा का अपमान करता दिख रहा है. गौतम अनुपमा को हाथ दिखाते हुए कहता है कि इनकी मेहनत और ईनाम का पैसा इन्हें दे दो. लेकिन गलती से भी इनके हाथ का बना खाना मुझे नहीं देना.
मुंबई के बांद्रा में सैफ अली खान के घर में एक चोर घुस गया. वह करीब 40 मिनट तक घर के अंदर रहा. पहले बाथरूम में छुपा, फिर सैफ और स्टाफ से हाथापाई हुई. चोर ने सैफ पर चाकू से हमला किया. सैफ को अस्पताल ले जाया गया जहां उनकी सर्जरी हुई. पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है. शाहरुख खान के घर मन्नत की भी रेकी की गई थी. पुलिस जांच कर रही है कि क्या दोनों घटनाओं में एक ही व्यक्ति शामिल था.
मुंबई के बांद्रा में सैफ अली खान पर हुए हमले के 70 मिनट की पूरी कहानी. हमलावर कैसे घुसा, क्या हुआ घर के अंदर और कैसे भागा? सीसीटीवी फुटेज से लेकर गवाहों के बयान तक, जानिए पूरी घटना की इनसाइड स्टोरी. शाहरुख खान के घर पर भी हुई थी रेकी, क्या दोनों घटनाओं में कोई कनेक्शन है? सैफ को अस्पताल ले जाने वाले ऑटो ड्राइवर का खुलासा. मुंबई पुलिस की 35 टीमें लगी हैं हमलावर की तलाश में, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं. दिल्ली विधानसभा चुनाव में सभी राजनीतिक दल मुफ्त की योजनाओं के वादे कर रहे हैं. बीजेपी ने अपने संकल्प पत्र में महिलाओं को ₹2500 देने और केजरीवाल सरकार की फ्री बिजली-पानी योजनाओं को जारी रखने का वादा किया है. कांग्रेस भी फ्री राशन और सिलेंडर देने की घोषणा कर चुकी है. आम आदमी पार्टी इन वादों को झूठा बता रही है. विशेषज्ञों का मानना है कि मुफ्तखोरी की राजनीति देश के लिए हानिकारक हो सकती है. चुनाव में महिला और बुजुर्ग वोटरों पर सभी दलों का फोकस है. 26 जनवरी 1950 को भारत सरकार ने सशस्त्र बलों और नागरिकों की वीरता को प्रोत्साहन देने के लिए वीरता पुरस्कारों की शुरुआत की. परमवीर चक्र, महावीर चक्र और वीर चक्र युद्धकाल के सर्वोच्च वीरता पुरस्कार हैं. अब तक 21 सैनिकों को परमवीर चक्र से सम्मानित किया गया है. शांतिकाल के वीरता पुरस्कारों में अशोक चक्र, कीर्ति चक्र और शौर्य चक्र शामिल हैं. ये पुरस्कार देश की सुरक्षा और राष्ट्रीय गौरव से जुड़े हुए हैं और वीर सैनिकों के साहस और बलिदान को सम्मानित करते हैं.
बॉलीवुड अभिनेता सैफ अली खान पर चाकू से हमले के दो दिन पहले शाहरुख खान के बंगले मन्नत की रेकी की गई. सीसीटीवी फुटेज में दिखा संदिग्ध सैफ पर हमला करने वाले से मिलता-जुलता है. मुंबई पुलिस दोनों मामलों की जांच कर रही है. लगातार हो रही इन घटनाओं ने बॉलीवुड स्टार्स की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं. क्या ये किसी बड़ी साजिश का हिस्सा है? पुलिस अभी तक हमलावर को गिरफ्तार नहीं कर पाई है. सैफ और शाहरुख के घरों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं.
मुंबई के बांद्रा इलाके में स्थित सैफ अली खान के घर पर हुए हमले की जांच जारी है. हमलावर 55 मिनट तक घर में रहा और फिर फरार हो गया. सैफ को गंभीर चोटें आईं और उन्हें लीलावती अस्पताल में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों के अनुसार सैफ बाल-बाल बचे हैं. पुलिस ने अब तक आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है. इस घटना से बॉलीवुड में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है. शाहरुख खान के घर की भी रेकी की गई थी. पुलिस कई एंगल से जांच कर रही है.
मुंबई में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठे हैं, खासकर सैफ अली खान के घर में घुसपैठ और हमले के बाद. इस घटना ने प्रशासन, शासन और व्यक्तिगत अनुशासन की महत्वपूर्णता को उजागर किया है. सायना एनसी ने कानून के खौफ की कमी पर सवाल उठाए हैं और अशोक पंडित ने सुरक्षा एजेंसियों की चेकिंग की मांग की है. इस मुद्दे पर दंगल शो में गहन चर्चा हुई, जिसमें राम कदम, शाइना एन सी, आनंद दुबे और नासिर अब्दुल्ला ने अपने विचार साझा किए. मुंबई के बांद्रा इलाके में सैफ अली खान के घर में हुई चोरी की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. पिछले कुछ महीनों में इस इलाके में कई अपराधिक घटनाएं हुई हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि यह एक गंभीर सुरक्षा चूक है. पुलिस मामले की जांच कर रही है लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है. इस घटना ने आम लोगों में भी असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है. आजतक के कार्यक्रम दंगल में विशेषज्ञों ने शासन, प्रशासन और व्यक्तिगत अनुशासन पर चर्चा की. बढ़ते अपराध और कानून के खौफ की कमी पर चिंता जताई गई. पुलिसिंग में सुधार और निजी सुरक्षा एजेंसियों की जांच की मांग की गई. मुंबई की सुरक्षित शहर की छवि बनाए रखने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया.
मुंबई में फिल्म अभिनेता सैफ अली खान पर हुए जानलेवा हमले का आरोपी अभी भी फरार है. हमले के 38 घंटे बाद भी मुंबई पुलिस के पास कोई ठोस सुराग नहीं है. पुलिस पहले चोरी का मोटिव बता रही थी, लेकिन अब उसके दावों में उलझन दिख रही है. सैफ की सर्जरी करने वाले डॉक्टर ने बताया कि उनकी रीढ़ की हड्डी में ढाई इंच का चाकू फंसा था. सैफ अब खतरे से बाहर हैं. हमले के पीछे का असली कारण और आरोपी की पहचान अभी भी रहस्य बनी हुई है. मुंबई पुलिस को मिले सीसीटीवी फुटेज में 14 जनवरी को शाहरुख खान के घर मन्नत की रेकी करता दिख रहा एक व्यक्ति. इस व्यक्ति की कद-काठी सैफ अली खान पर हमला करने वाले से मिलती-जुलती बताई जा रही है. रेकी करने वाला व्यक्ति चर्च की प्रॉपर्टी से सीढ़ी लगाकर मन्नत के अंदर झांकने की कोशिश करता दिखा. पुलिस इस कनेक्शन की जांच कर रही है. सैफ पर हमले के दो दिन पहले हुई इस रेकी से कई सवाल खड़े हो गए हैं. हमास और इजरायल के बीच बंधक रिहाई समझौते का खुलासा. एक इजरायली बंधक के बदले 50 से अधिक फिलिस्तीनी कैदी होंगे रिहा. कुल 2000 फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई की संभावना. नेतन्याहू कैबिनेट को समझौते पर मंजूरी देनी है. इधर, मुंबई में शाहरुख खान के घर मन्नत के बाहर एक संदिग्ध व्यक्ति का CCTV फुटेज सामने आया. 14 जनवरी की रात का यह वीडियो सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा रहा है. पुलिस जांच में जुटी.
मुंबई में अभिनेता सैफ अली खान पर हुए हमले के 37 घंटे बाद भी हमलावर फरार है. पुलिस की 20 से अधिक टीमें उसकी तलाश में जुटी हैं. इस बीच एक नया खुलासा हुआ है कि हमलावर वही व्यक्ति हो सकता है जिसने शाहरुख खान के घर मन्नत की रेकी की थी. सीसीटीवी फुटेज में दोनों जगह दिखे व्यक्ति की कद-काठी मिलती-जुलती है. सैफ अली खान अब खतरे से बाहर हैं और उन्हें आईसीयू से प्राइवेट रूम में शिफ्ट कर दिया गया है.